
लखनऊ–6 जनवरी
विद्युत संविदा कर्मचारियों के वेतन बढ़ोतरी,श्रम कानूनों के उल्लंघन एवं लगातार संविदाकर्मियों की की जा रही छंटनी के विरोध में विद्युत संविदा मजदूर संगठन,उत्तर प्रदेश के आह्वान पर आज मंगलवार 6 जनवरी को प्रदेश के सभी जनपदों में एकदिवसीय सत्याग्रह किया
गया।
इसी क्रम में लखनऊ के लेसा लेसा क्षेत्र में भी संविदा कर्मचारियों द्वारा शांतिपूर्ण सत्याग्रह आयोजित किया गया, जहां लेसा प्रभारी माता प्रसाद पांडे द्वारा अधीक्षण अभियंता के माध्यम से उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन लिमिटेड के अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपा गया।
सत्याग्रह के दौरान सौंपे गए ज्ञापन में संविदा कर्मचारियों की ग्यारह सूत्रीय मांगों को प्रमुखता से उठाया गया जिसमें संविदा श्रमिकों का न्यूनतम वेतन बाईस हजार तथा लाइनमैन,एसएसओ व कंप्यूटर ऑपरेटर का वेतन पच्चीस हजार दिये जाने,पूर्वांचल एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण की प्रक्रिया को रोकने,संविदा कर्मचारियों की छंटनी तत्काल बंद कर निकाले गए कर्मचारियों को पुनः कार्य पर वापस लिए जाने संबंधी मांगे प्रमुख रही|
वर्ष 2023 की हड़ताल में कार्य करने के बावजूद हटाए गए संविदा कर्मियों को वापस काम पर रखा जाए
संविदा कर्मचारियों के लिए सेवा नियमावली बनाई जाए एवं विभाग द्वारा सीधा भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
संविदा कर्मियों की सेवानिवृत्ति आयु सीमा पछपन से बढ़ाकर साठ वर्ष की जाए।
दुर्घटना या मृत्यु की स्थिति में बीस लाख रुपए का बीमा एवं कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए
लक्ष्य प्राप्त करने वाले कर्मचारियों को प्रोत्साहन राशि का भुगतान किया जाए|
फील्ड कर्मचारियों के लिए फेसियल अटेंडेंस का आदेश वापस लिया जाए|
इस मौके पर मीडिया प्रभारी विमल चंद्र पांडे ने बताया कि सत्याग्रह में विद्युत संविदा मजदूर संगठन के प्रभारी पुनीत राय,विद्युत मजदूर संगठन के कोषाध्यक्ष एस.के.सिंह,
सहित रजनीश शर्मा,आकाश मिश्रा,अनूप सिंह,मानस मिश्रा,शिव कुमार,गुड्डू मिश्रा, पंकज कुमार सहित बड़ी संख्या में संविदा कर्मचारी उपस्थित रहे।
संगठन ने स्पष्ट किया कि यदि संविदा कर्मचारियों की मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा|
दैनिक सुदर्शन प्रवाह
ब्यूरो चीफ़
राजीव श्रीवास्तव








