लखनऊ–23 मई
राजधानी लखनऊ को स्वच्छ शहर बनाने के बड़े-बड़े दावों के बीच जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है।
नगर निगम ज़ोन 04 के अंतर्गत आने वाले ग्राम मखदूम पुर क्षेत्र से लापरवाही की एक बेहद चिंताजनक तस्वीर सामने आई है यहाँ नई पेट्रोल टंकी के सामने मुख्य मार्ग के किनारे खुलेआम भारी मात्रा में कूड़ा-कचरा फेंका जा रहा है जिससे पूरा इलाका डंपिंग ग्राउंड में तब्दील होता जा रहा है।
मखदूम पुर गोमती नगर एक्सटेंशन के इस मुख्य मार्ग पर गोमती बाइक पॉइंट और जूनियर ब्रांच स्कूल के ठीक पास सड़क किनारे प्लास्टिक पॉलिथीन और सड़ा-गला कचरा फैला हुआ है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नियमित सफाई न होने और डस्टबिन की उचित व्यवस्था न होने के कारण यहाँ रोजाना कचरे का ढेर बड़ा होता जा रहा है इस मार्ग से गुजरने वाले राहगीरों और वाहन चालकों को भारी दुर्गंध का सामना करना पड़ रहा है।
सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि इस गंदगी के ठीक पास में ही स्कूल और व्यावसायिक प्रतिष्ठान हैं।
भीषण गर्मी के इस मौसम में खुले में सड़ रहे इस कचरे के कारण मच्छरों और मक्खियों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे मलेरिया डेंगू और डायरिया जैसी संक्रामक बीमारियां फैलने का खतरा चरम पर है।
हवा चलने पर प्लास्टिक और धूल उड़कर राहगीरों के चेहरे पर आती है जिससे दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि नगर निगम के सफाई कर्मी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
टैक्स वसूलने के बावजूद जनता को इस तरह के नरकीय हालातों में रहने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।
क्षेत्रीय निवासियों और राहगीरों ने नगर निगम के उच्च अधिकारियों और ज़ोन 4 के जिम्मेदार अधिकारियों से मांग की है कि इस स्थान से तुरंत कूड़े के ढेर को हटवाया जाए यहाँ नियमित सफाई सुनिश्चित की जाए और कचरा फेंकने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाए।
अब देखना यह है कि स्वच्छ भारत मिशन का ढिंढोरा पीटने वाला नगर निगम प्रशासन इस खबर के बाद नींद से जागता है या मखदूमपुर की जनता को ऐसे ही बदबू और बीमारियों के साये में जीने के लिए छोड़ दिया जाएगा।
ब्यूरो रिपोर्ट
दैनिक सुदर्शन प्रवाह








