*गांव के प्रमुख मार्ग पर नहीं पड़ रही जनप्रतिनिधियों की नजर*

हैदरगढ़/बाराबंकी–05 अगस्त
विकास खंड हैदरगढ़ की ग्राम पंचायत पूरे पंडित मजरे रानीपुर गांव के ग्रामीणों में बुधवार को आक्रोश साफ नजर आया। ग्रामीणों ने सड़क निर्माण की मांग को लेकर मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत की है। गांव जाने वाले प्रमुख मार्ग का कच्चा रास्ता बरसात में और भी ज्यादा खतरनाक हो जाता है। बुधवार को गांव पहुंची मीडिया की टीम से गांव वालों ने अपना दर्द साझा किया और बताया कि आजादी के बाद से इस गांव में कभी पक्का खड़ंजा नहीं लगा।
ग्रामीणों ने सड़क न बनने पर इस बार चुनाव का बहिष्कार करने की भी बात कही। गांव के वृद्ध किसान रघुनाथ तिवारी ने बताया कि बरसात के मौसम में बच्चों को स्कूल ले जाने के लिये कंधे पर बिठाकर ले जाना पड़ता है। वहीं नकुल तिवारी ने बताया कि इस मौसम में सांप बिच्छू जैसे विषैले जानवरों का खतरा लगातार बना हुआ है और कच्चे खड़ंजे के दोनों ओर खेत हैं जिससे जहरीले जीव रास्ते में आकर बैठ जाते हैं। मोनू तिवारी ने कहा यदि सड़क का निर्माण नहीं हुआ तो तहसील और ब्लाक में धरना दिया जायेगा। दुर्गेश मिश्रा ने बताया कि स्थानीय विधायक से भी शिकायत की गयी लेकिन नाप जोख कई बार होने के बावजूद अब तक कोई कार्यवाही नहीं हुई है। अयोध्या प्रसाद ने बताया कि उक्त ग्राम पंचायत के ही रजत मिश्रा मोहित मंडल अध्यक्ष हैं उनसे इस संबंध में बात की गयी लेकिन गांव की कम आबादी होने की वजह से रास्ता कैंसिल कर दिया गया। दर्जनों ग्रामीणों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन किया। अब देखना है कि जहां कुछ वोटों के लिये बूथ का निर्माण कर दिया जाता है लेकिन रास्ते का निर्माण नहीं होता है। सरकार द्वारा विकसित भारत बनाने का संकल्प परवान चढ़ता नजर नहीं आ रहा है। अब देखना है कि खबर प्रकाशित होने के बाद जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों की नजर इस ओर जाती है या फिर विकसित भारत बनाने का सपना सिर्फ ढकोसला साबित होकर रहेगा।
ब्यूरो चीफ़
शिवम् अवस्थी







